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डिजिटल-फॉर-फिज़िकल कैश स्कैम: आपको कैश के बदले UPI ट्रांसफ़र क्यों नहीं स्वीकार करना चाहिए?
PhonePe Regional|5 min read|11 September, 2026
अगर आप एक मर्चेंट हैं और आपका स्टोर है, तो छुट्टे पैसे माँगने वाले लोग आपके लिए कोई नई बात नहीं होगी। डिजिटल पेमेंट के इस दौर में, इसका तरीका भी अब बदल गया है। अब लोग सिर्फ छुट्टे पैसे नहीं, बल्कि डिजिटल मनी के बदले कैश लेने आते हैं। हालांकि, यह देखने में बिल्कुल सामान्य लग सकता है और इसमें कोई बुराई भी नज़र नहीं आती है, लेकिन धोखेबाज़ आपकी ईमानदारी का फ़ायदा उठाकर आसानी से आपको शिकार बना सकते हैं।
इस ब्लॉग में हम आपको बताएँगे कि धोखेबाज़ इस फ़्रॉड को कैसे अंजाम देते हैं और अपने आप को सुरक्षित रखने के लिए क्या कर सकते हैं।
आपके बिज़नेस के लिए UPI
इससे पहले कि हम यह समझें कि ‘डिजिटल-फॉर-फिज़िकल कैश’ स्कैम को कैसे अंजाम दिया जाता है। आइए PhonePe Business पर एक नज़र डालते हैं, जो मर्चेंट्स के लिए PhonePe का एक खास डिजिटल पेमेंट प्लेटफ़ॉर्म है।
अगर आप डिजिटल पेमेंट का दौर शुरू होने से पहले से अपना स्टोर चला रहे हैं, तो आपने कैश से डिजिटल पेमेंट में आए इस बड़े बदलाव को करीब से देखा होगा। चाय के एक कप के छोटे पेमेंट से लेकर बड़े रीटेल बिल तक, UPI QR कोड ने पेमेंट लेना बेहद आसान बना दिया है।
PhonePe अपने मर्चेंट्स को यूनीक QR कोड की सुविधा देता है, ताकि वे ग्राहकों से सामान या सेवाओं के बदले पेमेंट ले सकें। यहाँ यह ध्यान रखना ज़रूरी है कि यह सुविधा केवल उन बिज़नेस सर्विस के लिए है जिन्हें अप्रूव किया गया है। हालाँकि, हमने देखा है कि कैश के बदले पेमेंट लेने के लिए QR कोड का उपयोग काफी बढ़ रहा है। डिजिटल करेंसी को कैश में बदलने के लिए QR के उपयोग की इस प्रैक्टिस को ‘QR फॉर ATM सर्विसेज़’ कहा जाता है।
एक मर्चेंट के तौर पर, हो सकता है कि आप किसी की मदद करने के लिए या अपने बिज़नेस के फ़ायदे के लिए ऐसा कर रहे हों, लेकिन इस तरह के ट्रांज़ेक्शन के साथ कई बड़े रिस्क होते हैं। QR कोड से पेमेंट लेना बहुत तेज़ और सुरक्षित लगता है, लेकिन अपने मर्चेंट अकाउंट का इस तरह गलत उपयोग करने से आपका बैंक अकाउंट फ़्रीज़ हो सकता है, जिससे आपको भारी आर्थिक नुकसान और कानूनी परेशानी हो सकती है।
डिजिटल-फ़ॉर-फिजिकल कैश फ़्रॉड कैसे होता है
एक ग्राहक आपकी दुकान पर आता है। वह परेशान होने का दिखावा करता है और आपसे जल्दी से जल्दी 5,000 रुपये देने के लिए कहता है। वह इसके बदले आपको UPI के जरिए पैसे ट्रांसफ़र करने और थोड़ा “कमीशन” देने के लिए भी तैयार होता है। आप एक अच्छे इंसान होने के नाते सोचते हैं कि आपको बदले में कैश मिल ही रहा है और अब आपको बैंक जाकर पैसे भी जमा नहीं करने होंगे, इसलिए आप उसे पैसे दे देते हैं।
धोखेबाज इसका इस तरह से फ़ायदा उठा सकते हैं:
सिनारियो 1: धोखेबाज, 5,000 रुपये ट्रांसफर करने का नाटक करने के लिए एक फर्जी पेमेंट ऐप का उपयोग करता है। वह आपको एक फर्जी पेमेंट कन्फ़र्मेशन स्क्रीन दिखाता है और आपसे जल्दी कैश देने के लिए कहता है। बाद में जब आप अपना अकाउंट चेक करते हैं, तो आपको पता चलता है कि कोई पैसा ट्रांसफर नहीं हुआ था और आपके साथ धोखाधड़ी की गई थी।
सिनारियो 2: धोखेबाज ट्रांज़ेक्शन पूरा करता है। इसका मतलब है कि वह UPI के जरिए 5,000 रुपये ट्रांसफर कर देता है और आपसे कैश ले लेता है। चूंकि आपके पास इस बात का कोई डिजिटल ट्रांज़ेक्शन प्रूफ़ नहीं होता कि आपने उसे कैश देकर यह ट्रांज़ेक्शन पूरा किया है, इसलिए धोखेबाज चार्जबैक रेज़ कर सकता है। चार्जबैक की जांच के लिए आपको प्रूफ़ देने होते हैं, इसलिए हो सकता है कि जांच पूरी होने तक आपके अकाउंट पर रोक या कुछ प्रतिबंध लगा दिए जाएं। इस तरह आपको सीधे तौर पर बिज़नेस और आर्थिक नुकसान का सामना करना पड़ सकता है।
सिनारियो 3: अगर धोखेबाज उस QR ट्रांसफ़र के लिए किसी चुराए गए क्रेडिट कार्ड, हैक किए गए RuPay-on-UPI अकाउंट या किसी साइबर क्राइम पीड़ित के पैसों का उपयोग करता है, तो आपका मर्चेंट अकाउंट मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़ जाता है।आपने जिस ग्राहक की मदद की है वह या इसी तरह का कोई अन्य ग्राहक, अगर 1930 (साइबर क्राइम हेल्पलाइन) पर कॉल करके शिकायत दर्ज कराता है, तो गृह मंत्रालय और रेगुलेटरी ऑथॉरिटीज़ के दिशानिर्देशों के अनुसार लॉ एनफोर्समेंट एजेंसी, भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) और MHA के लागू दिशानिर्देशों के तहत जांच कर सकती हैं और मामले की जांच होने तक आपका मर्चेंट अकाउंट फ्रीज किया जा सकता है।
इस तरह आप अनजाने में एक ऐसे स्कैम का हिस्सा बन सकते हैं जिसके कारण आपके बिज़नेस की रफ़्तार कई सप्ताह या कई महीनों तक भी धीमी पड़ सकती है।
डिजिटल-फ़ॉर-फ़िजिकल कैश फ़्रॉड से कैसे बचें
अपने बिज़नेस ऑपरेशन्स को सुरक्षित और सुचारू बनाए रखने के लिए, आपके लिए भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के दिशानिर्देशों का पालन करना भी आवश्यक है। ये उपाय आपके बिज़नेस को सुरक्षित रूप से चलाने में मदद करेंगे।
1. बिज़नेस ट्रांजे़क्शन को सिर्फ़ बिज़नेस तक ही सीमित रखें
आपका मर्चेंट अकाउंट खास तौर पर आपके बिजनेस के लिए बनाया गया एक बेहतरीन टूल है। इसका उपयोग सिर्फ़ उन्हीं कामों के लिए करें जिनके लिए इसे बनाया गया है। जैसे, किसी सामान या सेवा के बदले पैसे लेना।
- कैश आउट से बचें: एक मर्चेंट के तौर पर, आपको बिज़नेस ट्रांज़ेक्शन के अलावा किसी भी और काम के लिए अपने बिजनेस अकाउंट से पैसे न तो लेने चाहिए और न ही भेजने चाहिए।
- अपनी टीम को समझाएं: अपने स्टाफ़ को बताएं कि वे सिर्फ़ बिज़नेस से जुड़े पेमेंट्स के लिए ही पैसे लें।
- पारदर्शिता रखें: किसी भी तरह के अनचाहे विवाद से बचने के लिए हर ट्रांज़ेक्शन को स्पष्ट रखें और और सही उद्देश्य से करें।
2. ATM सेवाओं और कैश एक्सचेंज से बचें
PhonePe मर्चेंट्स को ATM से जुड़ी सेवाओं या कैश एक्सचेंज जैसी गतिविधियों से दूर रहने की सलाह दी जाती है।
- क्यों?: मर्चेंट अकाउंट के जरिए कैश निकालने या एक्सचेंज करने में कई रिस्क होते हैं, जिसमें नियमों के उल्लंघन होने और ट्रांज़ेक्शन का रिकॉर्ड न होना शामिल है।
- परिणाम: ऐसी गतिविधियों में शामिल होने से हमारे प्लेटफॉर्म की सुरक्षा और विश्वसनीयता खतरे में आ सकती है जो मर्चेंट पॉलिसी के दायरे में नहीं आतीं। इसलिए, पॉलिसी का उल्लंघन करने पर मर्चेंट अकाउंट को सस्पेंड किया जा सकता है या हमेशा के लिए ब्लॉक भी किया जा सकता है।
3. सिर्फ़ अपने ही डिवाइस पर पेमेंट को वेरिफ़ाई करें
धोखेबाज पैसे भेजने का दावा करते हुए अक्सर पेमेंट कन्फर्मेशन के फर्जी स्क्रीनशॉट या नकली स्क्रीन दिखाते हैंं। इस तरह के स्कैम से बचने के लिए, हमेशा अपने डिवाइस पर ही पेमेंट को वेरिफ़ाई करेंं। किसी और के दिखाए गए स्क्रीनशॉट या पॉप-अप पर भरोसा न करें। इसके बजाय, अपना PhonePe ऐप चेक करें या मैसेज या बैंक नोटिफ़िकेशन का इंतज़ार करें जिससे पता चल सके कि आपके अकाउंट में पैसे आ गए हैं।
अगर आप किसी धोखाधड़ी का शिकार हो जाते हैं। तो क्या करें
अगर आपको पता चल जाता है कि आप किसी स्कैम के शिकार हो गए हैं, तो तुरंत इसकी शिकायत दर्ज कराएं। ऐसे में हर एक सेकंड बहुत कीमती होता है।
PhonePe पर रिपोर्ट करें:
- PhonePe Business ऐप: ‘Help/मदद’ सेक्शन में जाएं और ‘Help/मदद’ बटन पर क्लिक करें।
- PhonePe कस्टमर केयर: 080-68727374 / 022-68727374 कॉल करें
- लॉगिन लेवल की समस्याएं : https://support.phonepe.com/ के ज़रिए टिकट दर्ज करें
- सोशल मीडिया पर रिपोर्ट करें:
- Twitter: PhonePe Support
- Facebook: PhonePe Official
- शिकायत निवारण: PhonePe शिकायत पोर्टल पर शिकायत दर्ज करें।
अधिकारियों को रिपोर्ट करें:
- साइबर क्राइम सेल: साइबर क्राइम पोर्टल पर ऑनलाइन शिकायत दर्ज करें या 1930 पर कॉल करें।
- डिपार्टमेंट ऑफ़ कम्युनिकेशन (DOT): संचार साथी पोर्टल पर चक्षु सुविधा के ज़रिए संदिग्ध मैसेज, कॉल, या WhatsApp/Telegram फ्रॉड की रिपोर्ट करें।
महत्वपूर्ण रिमाइंडर— PhonePe कभी भी गोपनीय या व्यक्तिगत जानकारी नहीं माँगता है। यदि PhonePe से होने का दावा करने वाले सभी ईमेल phonepe.com डोमेन से नहीं हैं, तो उन्हें अनदेखा करें। अगर आपको फ्रॉड का संदेह है, तो कृपया तुरंत अधिकारियों से संपर्क करें।
